2020/12/12

दरभंगा में 7 करोड़ की डकैती में पुलिस ने सात अपराधियों को किया गिरफ्तार,महिला भी शामिल

DARBHANGA : दरभंगा में 7 करोड़ की ज्वेलरी डकैती मामले में पुलिस ने सात अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अपराधियों में से किसी का बड़ा आपराधिक इतिहास नहीं रहा है। इसमें दरभंगा के मदारपुर के भूषण सहनी, कन्हैया कुमार, केशव कुमार, राजकुमार, पवन कुमार के साथ लहेरियासराय के गणेश कुमार और मौलागंज के राजू उर्फ साका उर्फ कोठिया शामिल हैं। 

हालांकि अभी तक ज्वेलरी नहीं मिल पाई है लेकिन पुलिस ने 1 देसी कट्टा, 2 कारतूस, 200 ग्राम गांजा, 20 पत्ता नशे की गोली, दो पल्सर बाइक और 5 मोबाइल बरामद किए हैं। अभी तक 7 स्थानीय अपराधी पकड़े गए हैं जबकि 6 हाजीपुर और 3 मधुबनी के जयनगर के अपराधियों की संलिप्तता की पुष्टि पुलिस ने की है। इसमें हाजीपुर सोना लूट कांड का मास्टरमाइंड मनीष सहनी प्रमुख है, जिसके गिरोह ने कई बड़ी घटनाओं को अंजाम दिया है। इनकी तलाश झारखंड पुलिस भी कर रही है।

लाइनर दरभंगा का ही सोना व्यवसायी
ज्वेलरी डकैती कांड का लाइनर दरभंगा का ही एक सोना व्यवसायी कन्हैया कुमार है। उसने मधुबनी के दिनेश यादव और हाजीपुर के मास्टरमाइंड मनीष कुमार के साथ मिलकर घटना को अंजाम दिया। पुलिस के अनुसार दरभंगा का सोनार कन्हैया कुमार इस कांड का लाइनर है, जिसने पुख्ता प्लान बनाकर दुकान में डाका डाला। एक साल पहले तक वह बाकरगंज के अन्नपूर्णा ज्वेलर्स में कारीगर के रूप में काम करता था। उसी दौरान उसका अलंकार ज्वेलर्स के यहां भी आना-जाना होता था। कन्हैया ने जब अपनी दुकान भी खोल ली, इसके बाद भी वह अलंकार ज्वेलर्सा आता-जाता था। दुकान के गहने देखकर उसे लालच आ गया।

इसी बीच उसका सम्पर्क जयनगर, मधुबनी के शातिर अपराधी दिनेश यादव से हुआ, जिसे उसने अपने ही मोहल्ले में किराए पर एक कमरा दिला दिया। इसी कमरे में दोनों लूट की प्लानिंग करने लगे। धीरे-धीरे उसने अपने दुकान के कारीगर केशव कुमार साह को भी इसमें शामिल कर लिया। इसके बाद भी जब उसे लगने लगा कि केवल दिनेश यादव से मामला नहीं संभलेगा तब उसने अपने पुत्र भूषण सहनी को भी जोड़ लिया।

भूषण ने प्लान को सक्सेसफुल बनाने के लिए हाजीपुर में सोना लूट के मास्टरमाइंड मनीष सहनी को भी इसमें मिला लिया। मनीष सहनी के पास हथियार के साथ अपना पूरा गिरोह भी था, जिसके कारण लाइनर के साथ दोनों मास्टरमाइंड के तार आपस में जुड़ गए। भूषण ने मनीष सहनी के गिरोह को दरभंगा के मदारपुर बुला लिया और पूरी प्लानिंग कर डाली।

इस दौरान डकैती कांड को अंजाम देने के लिए दरभंगा के दुकान, बाजार और रास्तों की रेकी की गई। 8 दिसंबर को सभी अपराधी मदारपुर आकर मडंल लॉज में रात भर रुके। रात में इन्होंने फिर से रेकी की। सुबह 5 बजे ही उठकर सभी अपराधी एनएच की ओर फ्रेश होने और चाय-नाश्ता करने चले गए। स्थानीय अपराधी पुलिस के मूवमेंट पर नजर रखने लगी तो वहीं बाहर के जिलों से अपराधियों ने बड़ा बाजार में डकैती कांड को अंजाम दिया। इसके बाद पूर्व निर्धारित समय पर वह अलग-अलग रास्तों से लौट गए।

मास्टरमाइंड मनीष सहनी नहीं हुआ है गिरफ्तार

अभी तक 7 स्थानीय अपराधी पकड़े गए हैं जबकि 6 हाजीपुर और 3 मधुबनी के जयनगर के अपराधियों की संलिप्तता की पुष्टि पुलिस ने की है। इसमें हाजीपुर सोना लूट कांड का मास्टरमाइंड मनीष सहनी प्रमुख है, जिसके गिरोह ने कई बड़ी घटनाओं को अंजाम दिया है। इनकी तलाश झारखंड पुलिस भी कर रही है। पुलिस के अनुसार डकैती के इस कांड में हाजीपुर का प्रोफेशनल गिरोह शामिल है, जिसमें अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। लाइनर की भूमिका निभाने वाला व्यवसायी और एक महिला भी इसमें शामिल है। फिलहाल हाजीपुर और मधुबनी में अभी छापेमारी चल रही है। पुलिस के अनुसार सोने के एक दुकानदार ने लाइनर की भूमिका निभाई थी। उसने अपना अपराध कबूल किया है। SSP बाबू राम ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच शुरू की गई थी, जिसके बाद STF की छह सदस्यीय टीम और CID की टीम भी अलग-अलग स्तर पर जांच में जुटी है। फिलहाल 7 अपराधियों को गिरफ्तार करने में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है।

दरभंगा लाइनर के साथ ही पुलिस की मुजफ्फरपुर, हाजीपुर और समस्तीपुर जिलों के अपराधियों पर भी नजर है। मुजफ्फरपुर और हाजीपुर के गैंग के साथ समस्तीपुर के विकास झा की संलिप्तता पर पुलिस निगरानी कर रही है। वारदात में इस्तेमाल की गई एक बाइक भी बरामद की गई है। इस मामले में पुलिस की कई टीम लगातार काम कर रही है। STF की छह सदस्यीय टीम अलग-अलग स्तर पर मामले की तफ्तीश में जुटी हुई है।

दरभंगा में अपराधियों ने 7 करोड़ की लूट की घटना को अंजाम दिया था। चार दिनों की लगातार तफ्तीश के बाद पुलिस को यह कामयाबी मिली है। हथियारबंद बेखौफ अपराधियों ने बुधवार को दिनदहाड़े 10ः30 बजे दरभंगा शहर के नगर थाना क्षेत्र के लाठ मार्केट में डमरू सेठ ज्वेलर्स में धावा बोलकर 14 किलो सोना, 2 लाख कैश लूट लिए थे। 

लूटपाट की घटना को अंजाम देने के बाद अपराधी दुकान के मालिक सुनील लाठ पर फायरिंग करते हुए भाग निकले थे। घटना की फुटेज सीसीटीवी में कैद हो गई थी। फायरिंग में वह बाल-बाल बचे थे। इस दौरान दुकान के कई कर्मचारियों के मोबाइल फोन भी लेकर भाग गए थे।