उसके बाद रात में कृष्ण कांत पाठक के शव को उसके घर के मुख्य गेट के समीप हत्या कर रख कर दिया और फरार हो गए।
रात के 2:45 बजे मृतक के पिता कुशेश्वर पाठक जब मुख्य गेट के ग्रील को खोलकर बाहर निकले तो देखा कि एक युवक का लाश पड़ा हैं। जब उन्होंने ध्यान से देखा तो पता चला कि पुत्र का शव पड़ा हुआ है।
उसके बाद उनकी करुण चीत्कार और शोर सुनकर घर के लोग जगे और शव को देखा तो माथा सन्न हो गया। कुछ ही देर में माहौल करुण क्रंदन से गमगीन हो गया।
शोर-शराबा सुनकर आस-पड़ोस के लोगों की भी नींद टूट गई। वो लोग मौके पर पहुंचे और कुशेश्वर पाठक के यहां पहुंचकर लोगों को ढाढस बंधाने लगे।
सूचना पाकर पुलिस सुबह में वहां पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बेगूसराय भेज दिया है। वही मामले की छानबीन शुरू कर दी गई है।