इस घटना की सूचना police को मिली ।police पहुँच को लाश को कब्जे में लेना चाहा लेकिन परिजनों ने police को लाश नहीं दे रहा था। परिजनों व ग्रामीणों ने वरीय अधिकारियों सहित बिजली विभाग के अधिकारी को बुलाने की मांग करते हुए शव को देने से मना कर दिया।
ग्रामीणों का कहना था कि केवटा निवासी arvind चौधरी के खेत में लगे कंटीले तार में जानवरों से फसल के बचाव को लेकर विद्युत करंट दौड़ाया जाता है। उसकी चपेट में आकर मौत हुई है। खेत में विद्युत करंट लगाने का परमिशन कहां से मिला है।
अगर विद्युत करंट दौड़ाया गया तो चेतावनी बोर्ड क्यूं नहीं लगाया। इससे लोग सतर्क रहते और किसी की मौत नहीं हुई होती।