कोरोना के 63 फीसदी सक्रिय मामले इन सात राज्यों में हैं। इस बैठक में महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के अलावा आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, दिल्ली और पंजाब के मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री भी शामिल होंगे।
देश में कोरोना के कुल पुष्ट मामलों का 65.5 फीसदी और कुल मृत्यु के 77 फीसदी मामले भी इन्हीं राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से हैं। पंजाब और दिल्ली में हाल ही में कुल मामलों की संख्या में काफी तेज वृद्धि दर्ज की गई है।
महाराष्ट्र, पंजाब और दिल्ली में मृतकों की संख्या भी काफ़ी बढ़ी है। इन राज्यों में मृत्यु दर 2 प्रतिशत से अधिक है, जो कि मृत्यु दर का उच्च औसत है। पंजाब और उत्तर प्रदेश के अलावा उनकी संक्रमण की पुष्टि दर राष्ट्रीय औसत 8.52 प्रतिशत से अधिक है।