बिहार भाजपा की ओर से वर्चुअल शोक सभा आयोजित कर मध्यप्रदेश के राज्यपाल स्व. लालजी टंडन व बिहार विधान परिषद के सदस्य स्व. सुनील कुमार सिंह को श्रद्धांजलि दी गई।
श्रद्धांजलि सभा को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि आज यूपी में भाजपा का जो स्वरूप है, उसमें स्व. लालजी टंडन का अहम योगदान है। अटल जी के अनन्य सहयोगी टंडन जी लखनऊ के सभी वर्गों में काफी लोकप्रिय थे।
बिहार के राज्यपाल के तौर पर भी उन्होंने अनेक उल्लेखनीय कार्य किया। इसी प्रकार विधान पार्षद सुनील कुमार सिंह जमीन से जुड़े नेता थे। पंचायत की मुखिया और प्रखंड के उप प्रमुख से अपनी राजनीति यात्रा शुरू कर उन्होंने विधान परिषद के जरिए प्रदेश की राजनीति में अपना अहम योगदान दिया।
मोदी ने स्व. टंडन की ‘अनकहा लखनऊ’ पुस्तक की चर्चा करते हुए कहा कि उन्हें लखनऊ से अगाध प्रेम था। साहित्य, काव्य में उनकी काफी रूचि थी। भारतीय साहित्य व संस्कृति का भी गहन अध्ययन किया था।
बिहार के राज्यपाल के तौर पर उन्होंने अपना जन्मदिन दिव्यांग बच्चों के साथ मना कर एक आदर्श उपस्थित किया था। राज्यपाल के रूप में संस्कृत में शास्त्रार्थ, किसान मेला, दीक्षांत समारोह को नियमित करने जैसे अनेक उल्लेखनीय कार्य उन्होंने किया।
भाजपा के प्रदेश संगठन मंत्री नागेन्द्र जी ने स्व. लालजी टंडन से जुड़े अपने संस्मरणों के हवाले से कहा लखनऊ में उन्हें ‘विकास पुरुष’ और ‘बाबूजी’ के उपनाम से जाना जाता था।
उनका स्थान भरा नहीं जा सकता है। प्रदेश अध्यक्ष डा. संजय जायसवाल, कृषि मंत्री डा. प्रेम कुमार, पथ निर्माण मंत्री नन्दकिशोर यादव, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय आदि ने भी शोक सभा को सम्बोधित करते हुए दोनों दिवंगत आत्माओं को अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दी