SAMASTIPUR : समस्तीपुर पुलिस के जांच पड़ताल से दुश्मनी में हथियार रखकर फंसाने की साजिश का पर्दाफाश ।सूचक का दांव पड़ गया उल्टा। चले थे दूसरे को सलाखों के पीछे डलवाने परन्तु पुलिस की सूझ बूझ व सक्रियता के चलते षड्यंत्रकारी खुद ही चले गए सलाखों के पीछे।
मामला जिले रोसड़ा थाना क्षेत्र के मिर्जापुर गांव का हैं। जहां छोटू नामक युवक अपनी पत्नी के साथ पैदल सोनूपुर जा रहा था। इसी बीच बदमाशों ने छोटू को फंसाने का जाल बिछाने लगा। पहले छोटू को बदमाशों ने पीछा करना शुरू किया । रास्ते में छोटू को पकड़कर अपने कब्जे में ले लिया। फिर बदमाशों ने मारपीट करना शुरू किया।
जब ग्रामीण लोग जुटने लगे तो बदमाशों ने हथियार के बल पर उसे अपने मोटरसाइकिल पर बिठाकर बदमाशों ने अपने मुर्गा फार्म पर ले आया। छोटू कुमार को फंसाने के लिए बदमाशों ने मारपीट कर जख्मी कर हाथ पैर बांध दिया और उसके कमर में पिस्तौल जिसके मैगजीन में गोली था ।
छोटू कुमार के कमर में रख दी। इसके बाद रोसड़ा पुलिस को सूचना देकर छोटू को फंसाने की साजिश रची गई थी, वह दांव ही उल्टा पड़ गया है। रोसड़ा पुलिस ने आरोपों व जांच-पड़ताल के आधार पर पुलिस को सूचक की भूमिका ही संदेहास्पद लगने लगी थी। कुछ ही घंटों में पुलिस ने कहानी के पटाक्षेप का दावा भी कर दिया।
रोसड़ा डीएसपी शहरियार अख्तर ने इसकी जांच कराई। दो लोग गिरफ्तार कर लिए गए और उनकी गिरफ्तारी के बाद ही पुलिस ने पूरे मामले का अपनी तरफ से पटाक्षेप करने का दावा कर दिया। हथियार रखने-रखवाने में लोगों को पुलिस की भूमिका संदिग्ध लगने लगी थी।
गिरफ्तार युवक की पहचान कलवाड़ा वार्ड नंबर 09 निवासी सीताराम दास के पुत्र कमल दास दूसरे युवक बड़ी दुर्गा स्थान वार्ड नंबर 3 मधुकांत मिश्र के पुत्र उमेश मिश्र बताया गया हैं।तीसरा युवक नितेश कुमार मिश्र उर्फ विट्टू मिश्र पुलिस को चकमा देकर भाग गया । गिरफ्तारी के लिए
छापेमारी की जारी हैं।
पलटन साहनी संवाददाता समस्तीपुर की रिपोर्ट