2020/12/09

समस्तीपुर की इन 269 चयनित पंचायतों के किसानों को मिलेगा फसल क्षति का अनुदान

SAMASTIPUR :  जिले के 19 प्रखंडों में 269 पंचायत के किसानों को इस वर्ष भारी बारिश और बाढ़ के कारण हुए फसल नुकसान के लिए कृषि इनपुट अनुदान मिलेगा। जिला कृषि विभाग ने इसके लिए जिले के ताजपुर, मोरवा, पूसा, कल्याणपुर, खानपुर, वारिसनगर, रोसड़ा, हसनपुर, बिथान, सिंघिया, शिवाजीनगर, विभूतिपुर, उजियारपुर, दलङ्क्षसहसराय, विद्यापतिनगर, मोहिउद्दीनगर, मोहनपुर, पटोरी और सरायरंजन प्रखंड में बाढ़ प्रभावित पंचायतों का चयन किया है। 

सूत्रों के अनुसार इन्हीं प्रखंडों के चयनित 269 पंचायतों में किसानों को कृषि इनपुट अनुदान की सहायता मिलेगा। मालूम हो कि इस वर्ष भारी बारिश और गंडक, बागमती एवं गंगा नदियों में बाढ़ के कारण अधिकतर प्रखंड बुरी तरह प्रभावित हुए थे। इससे फसलों के व्यापक नुकसान के साथ जानमाल की भी क्षति हुई थी। कई जगह बाढ़ से घिरे लोगों को सुरक्षित निकालने में टीम तैनात किए गए थे।

विभागीय पोर्टल पर कर सकेंगे ऑनलाइन आवेदन

जिले में चयनित प्रखंडों में कुल 269 पंचायतों के किसान कृषि इनपुट अनुदान के लिए विभागीय पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदक करेंगे। किसानों के नुकसान दावे का पंचायत स्तरीय कृषि कर्मियों से सत्यापन और क्षति आकलन के बाद अनुदान राशि किसानों के बैंक खाता में भेजी जाएगी। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि पिछली बाढ़ और बारिश से खरीफ फसलों के नुकसान में किसानों को क्षति मुआवजा के लिए तीन स्तर पर अनुदान श्रेणी निर्धारित किया गया है। इसमें शाश्वत भूमि की खेती नुकसान पर 18 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर, सिंचित भूमि की खेती नुकसान पर 13,500 रुपये तथा असिंचित भूमि के फसल नुकसान पर 6800 रुपये प्रति हेक्टेयर अनुदान का प्रावधान है।

17 दिसंबर तक जारी रहेगी ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया

प्राकृतिक आपदा में हुए फसल क्षति के लिए राज्य सरकार की ओर से दिए जाने वाले कृषि इनपुट अनुदान राशि पाने के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके लिए कृषि विभाग का पोर्टल काम करना शुरू कर दिया है। ऑनलाइन तरीके से यह आवेदन 17 दिसंबर तक किया जा सकता है। राज्य सरकार की ओर से फसल क्षति सहायता राशि प्रति किसान अधिकतम दो हेक्टेयर फसल नुकसान के लिए देने का प्रावधान किया गया है। किसानों को योजना के तहत फसल नुकसान पर न्यूनतम एक हजार रुपये दिया जाएगा।