2020/12/14

सात समंदर पार लहराया बिहार का परचम:रितिक को अमेरिका में मिली 2.5 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति, कॉलेज जाने वाले परिवार के पहले शख्स हैं

PATNA : पटना के 19 वर्षीय छात्र रितिक राज ने अमेरिका के वाशिंगटन स्थित जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी से 2.5 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति हासिल की है। पटना के गोला रोड निवासी रितिक राज मूल रूप से पटना के ही बिक्रम के महमदपुर गांव के निवासी हैं। दिलचस्प बात यह है कि वे अपने परिवार से कॉलेज जाने वाले पहले व्यक्ति हैं। जॉर्जटाउन विश्वविद्यालय अमेरिका में अंतरराष्ट्रीय संबंध एवं अंतरराष्ट्रीय राजनीति की पढ़ाई का एक शीर्ष संस्थान है। रितिक ने अंतरराष्ट्रीय संगठन डेक्सटेरिटी ग्लोबल की मदद से यह उपलब्धि हासिल की है। डेक्सटेरिटी ग्लोबल शिक्षा और नेतृत्व के क्षेत्र में काम करने वाला अंतरराष्ट्रीय स्तर का सम्मानित संगठन है जिसकी स्थापना बिहार के सामाजिक उद्यमी शरद सागर ने वर्ष 2008 में की थी। यह संगठन 65 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को शैक्षणिक अवसरों से जोड़ता है।

प्रतिष्ठित अरूप छात्रवृत्ति

रितिक को जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी से प्रवेश पत्र मिला था। यूनिवर्सिटी ने 1600 स्थानों के लिए 21,300 से अधिक उम्मीदवारों पर विचार किया था। इसमें रितिक को 2.5 करोड़ रुपये की प्रतिष्ठित अरूप छात्रवृत्ति मिली है। यह चार साल के लिए रितिक के पूरे खर्चों (ट्यूशन प्लस लिविंग) को कवर करेगी। छात्रवृत्ति पत्र में कहा गया है कि अरूप स्कॉलर्स वे लोग हैं जो देश और दुनिया भर में सार्वजनिक हित में महत्वपूर्ण योगदान देने की योग्यता रखते हैं।

पहले छात्र

रितिक '20 मोमेंट्स ऑफ डेक्सटेरिटी' अभियान के तहत आने वाले पहले छात्र हैं। वे डेक्सटेरिटी ग्लोबल के पूर्व छात्र हैं। डेक्सटेरिटी ग्लोबल शैक्षिक अवसरों और प्रशिक्षण के माध्यम से शिक्षा को नेतृत्व से जोड़ने का काम करता है। रितिक ने 2019 में रेडिएंट इंटरनेशनल स्कूल से स्नातक किया। उन्होंने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्लेटफार्मों, जैसे अमेरिका के प्रतिष्ठित येल विश्वविद्यालय और थाईलैंड में बहस प्रतियोगिता में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया है। वर्तमान में वे डेक्सटेरिटी ग्लोबल के वैश्विक परिषद के उपाध्यक्ष हैं। 2018 में रितिक ने रेडिएंट इंटरनेशनल स्कूल में बिहार के पहले TED-Ed क्लब की शुरुआत की, जहां उन्होंने 50 चयनित छात्रों को विज्ञान, कला और साहित्य पर अपने विचारों को आगे बढ़ाने के लिए प्रशिक्षित किया।

करियर डेवलपमेंट प्रोग्राम से ग्रेजुएशन

रितिक ने डेक्सटेरिटी ग्लोबल के करियर डेवलपमेंट प्रोग्राम से ग्रेजुएशन किया, जिसका नाम है डेक्सटेरिटी टू कॉलेज। इस कॉलेज के छात्रों ने दुनिया भर के शीर्ष संस्थानों से छात्रवृत्ति में 49 करोड़ से अधिक की राशि प्राप्त की है। वे विभिन्न देशों में कई शीर्ष संस्थानों में अध्ययन कर रहे हैं।

शरद सागर का आभार

रितिक का कहना है कि इस छात्रवृत्ति के लिए मैं जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी का आभारी हूं। 13 साल की उम्र से ही डेक्सटेरिटी ग्लोबल से मिले मार्गदर्शन और सलाह के बिना यह संभव नहीं होता। शरद सागर सर ने न केवल मुझे बड़े सपने देखने में सक्षम बनाया बल्कि मुझे उन सपनों को हकीकत में बदलने के लिए सही संसाधनों से लैस किया। अपने गुरु के मूल्यों से प्रेरित होकर मैं भारत वापस आना चाहता हूं और अपना जीवन सार्वजनिक सेवा और राष्ट्र निर्माण के लिए समर्पित करना चाहता हूं। यह मेरे और मेरे माता-पिता के लिए एक महान क्षण है, जिन्होंने मुझे अच्छी शिक्षा प्रदान करने के लिए जीवनभर कड़ा परिश्रम किया है।

शरद सागर बोले, रितिक के लिए खुशी है

रितिक के चयन पर डेक्सटेरिटी ग्लोबल के संस्थापक एवं CEO शरद विवेक सागर ने कहा कि सुबह के 5 बज रहे थे जब रितिक को जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी की छात्रवृत्ति के लिए चुना गया। रितिक ने अपनी मां के पैर छुए और तुरंत हमारे कार्यालय के लिए रवाना हो गए। रितिक के लिए हम सब बहुत खुश थे। वह 13 साल के थे जब पहली बार उनका डेक्सटेरिटी में आगमन हुआ।