2020/12/05

सहरसा में बाइक सवार बदमाशों ने बाइक की डिक्की में रखा 1.24 हजार रुपये उड़ा लिया और भाग निकले

SAHARSA : सदर थाना क्षेत्र के पूरब बाजार, भीआईपी रोड स्थित बंधन बैंक के निकट शनिवार की दोपहर जिले के सौर बाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत नादो पंचायत निवासी संतोष कुमार के बाइक की डिक्की से जबरन एक लाख 24 हजार रुपए नकद निकालकर मोटरसाइकिल सवार दो अपराधी हटियागाछी की ओर फरार हो गए।

 वही बाइक के निकट खड़े उनके 12 वर्षीय अबोध पुत्र शिवम कुमार ने जब हल्ला करने का प्रयास किया। ऐसे में दूसरे अपराधी जबरन उसका मुंह बंद डिक्की से पैसा निकाला। 

फिर बचकर को धक्का देकर नीचे गिरा दिया। जिसके बाद वे लोग रुपए लेकर फरार हो गए। सूचना पर सदर थाना पुलिस जांच कर रही है। पीड़ित संतोष कुमार ने बताया कि वे बैंक ऑफ इंडिया से 1 लाख 24 हजार रुपए की निकासी किया था। जिसे बाइक की डिक्की में रखा। उनके साथ उनका 12 वर्षीय पुत्र शिवम कुमार भी था। जिसके बाद पिता-पुत्र गांव की ओर जा रहे थे। 

पूरब बाजार स्थित बंधन बैंक के निकट वे कुछ काम से रुके। सड़क किनारे बाइक खड़ा किया। जहां अपने पुत्र को बाइक के निकट खड़ा कर सामान खरीदने सड़क के दूसरे ओर पहुंचे। तभी मोटरसाइकिल सवार दो अपराधी उनकी बाइक के निकट पहुंचे। वे लोग बाइक की डिक्की में रखा रुपए निकाल कर फरार हो गया। वहीं शिवम ने बताया कि दो व्यक्ति मोटरसाइकिल से उनके निकट पहुंचे। 

जिनमें से एक व्यक्ति उन्हें बातों में उलझा दिया। वे उनके पिता के विषय में पूछ रहे थे कि वे किधर गए हैं। वह उन्हें बता ही रहा था। तभी उनके साथ खड़ा दूसरा व्यक्ति उनकी बाइक की डिक्की को खोलकर रुपए निकालने लगा। उसने जब विरोध किया तो पहला व्यक्ति उनकी मुंह को बंद कर दिया। दूसरा व्यक्ति डिक्की से रुपए निकालकर बाइक पर बैठा। 

जिसके बाद पहला व्यक्ति जो उनका मुंह दबोचे हुआ था। वह उसे धक्का देकर नीचे गिरा दिया और बाइक पर बैठकर पूरब की ओर फरार हो गया। सदर थाना अध्यक्ष आर के सिंह ने बताया कि बाइक के डिक्की से रुपए निकालने की सूचना मिली है। आसपास में लगे सीसीटीवी से अपराधी की पहचान की जा रही है, जल्द ही अपराधी की गिरफ्तारी होगी।

बरतें सावधानी

बैंक से मोटी रकम निकालने के दौरान किसी अन्य परिजन को जरूर साथ रखें। मोटी रुपए निकालने के बाद रुपए को अपने पैंट या शर्ट की जेब में डालें। रकम को कभी भी बैग, डिक्की, झोला या अन्य सामान में ना डालें। जितनी भी झपट मार की घटना घटी है। उनमें पीड़ित द्वारा मोटी रकम को बैंक से निकालने के बाद बैग, झोले या डिक्की में रखी गई थी। 

जिससे अपराधी को छीनकर भागने में आसानी होती है। वही पैंट की जेब में रखे बड़ी रकम को निकालने के लिए अपराधी को आपसे छीना-झपटी करनी पड़ेगी। दिनदहाड़े दो अपराधी ऐसी घटना को अंजाम देने से हिचकेंगे। उन्हें लोगों के द्वारा पकड़ लिए जाने का डर सताएगा,  जिससे आपके रुपए सुरक्षित रहेंगे।

रिपोर्ट-रितेश हन्नी@सहरसा