क्योंकि आज से ही उनके घरों में शादी की धूम दिखेगी। कई महीनों से लंबा इंतजार के बाद नवंबर महीने में एक बार फिर से शादी की शहनाइयां गूंजेगी।
पंडितों के अनुसार वर्ष 20 में लंबे इंतजार के बाद शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों को संपन्न करने की शुभ घड़ी अब आ चुकी है। नवंबर माह में विवाह की तिथि 25, 27 और 30 तिथि के दौरान विवाह के लिए शुभ योग हैं।
वहीं दिसंबर महीने में 1, 7, 8, 9 व 11 तारीख को विवाह के शुभ मुहूर्त में शादियां होंगी। इसके बाद अगले चार माह तक शादियां नहीं होंगी।
आषाढ़ माह में देव शयनी एकादशी के बाद से चतुर्मास शुरू हो जाता है और चातुर्मास्य में शहनाई के साथ सभी मांगलिक कार्य बंद रहते हैं। देवोत्थान एकादशी के दिन से ही मांगलिक कार्यों का शुभारंभ होता आया है।
इस बार अधिक मास रहने के कारण यह अवधि लंबी हो गई। इसके चलते करीब 5 माह बाद शादी विवाह का मौसम शुरू होगा। इस वर्ष कोरोना महामारी के कारण लोगों की परेशानियों बढ़ा दी थी।
नवंबर के अंतिम 5 दिनों में चार दिन शादी के योग: नवंबर के अंतिम 5 दिनों में चार दिन शादी के योग बन रहे हैं। इन 4 दिनों में जिले में सैकड़ों शादियां होगी। शादी की तैयारियों में लोग लगे हुए हैं।
क्राकरी, टेंट हाउस, हलवाई, माली, कपड़ा दुकान जेवर दुकान गिफ्ट कॉर्नर आदि में भीड़ देखी जा रही है। शहर के लगभग सभी मैरिज हॉल, होटल और धर्मशाला में शादियों की बुकिंग हो रही है। कई प्रतिष्ठान तो फूल हो चुके हैं।