बिट्टू पर हत्या, लूट और रंगदारी जैसे 14 मामले दर्ज हैं। डीएम ने उसे छह महीने के लिए जिला से तड़ीपार कर दिया था। एसपी ने प्रस्ताव दिया था कि बिट्टू सिंह पेशेवर अपराधी है।
यह जेल से बाहर है। इसकी गतिविधि संदिग्ध है। चुनाव में अपनी राजनीतिक पहचान बनाने के मकसद से वह किसी पार्टी विशेष के पक्ष में लोगों को गोलबंद कर आम जनों में भय पैदा करने एवं विधि व्यवस्था की समस्या उत्पन्न करने का प्रयास कर सकता है।