2020/07/15

बिहार में कल से रहेगा lockdown bus पर रोक, ऑटो-टैक्सी भी emergency के लिए ही चलेंगे

BIHAR 31 जुलाई तक पूरे बिहार में lockdown घोषित कर दिया है। पाबंदी 16 जुलाई से लागू होगी। राज्य, जिला, अनुमंडल व प्रखंड मुख्यालय और सभी नगर निकायों के अधिकार क्षेत्र में पाबंदी रहेगी। गांवों में छूट रहेगी। कृषि और निर्माण कार्य social distancing के साथ पहले की तरह जारी रहेंगे।

गृह विभाग के आदेश के मुताबिक Hospital, डिस्पेंसरी, दवा की दुकान, क्लीनिक, नर्सिंग होम, ambulance सेवाएं, राशन, फल, दूध, सब्जी, मीट और मछली की दुकानें पहले की ही तरह खुलेंगी। Hotelhotel, मोटल, लॉज, restaurant, ढाबा को खोलने की अनुमति होगी लेकिन यहां से सिर्फ home delivery होगी। रेल और हवाई सेवाएं जारी रहेंगी। प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पर रोक नहीं रहेगी। दफ्तरों में 33 प्रतिशत कार्यक्षमता के साथ काम होगा।


मुख्य सचिव दीपक कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को video conferencing के जरिए हुई क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की बैठक में यह फैसला लिया गया। बैठक के बाद आईपीआरडी सचिव अनुपम कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारियों को उनके इलाके में जरूरत के हिसाब से और अधिक सख्ती करने की छूट दी गई है। लेकिन किसी भी हाल में गृह विभाग द्वारा जारी आदेश में ढील नहीं दी जा सकेगी। सभी 1742 कंटेनमेंट जोन में कोई छूट नहीं होगी। लॉकडाउन लोगों व समाज के हित में है।

लॉकडाउन के दौरान बसें नहीं चलेंगी लेकिन ऑटो टैक्सी और रिक्शा के परिचालन पर शर्तों के साथ छूट रहेगी। निजी वाहनों को सिर्फ इमरजेंसी और अनुमति प्राप्त कार्यों में ही जिले के भीतर चलाने की इजाजत दी जाएगी। 

परिवहन सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने बताया कि केंद्र की guideline के हिसाब से रेल सेवाएं जारी रहेंगी। एक जिले से दूसरे जिले जाने के लिए वाहनों को पास लेना पड़ेगा। अति आवश्यक कार्यों में लगे वाहनों का ही परिचालन होगा। 

सरकारी कार्यालय आने के लिए कर्मियों को पास की जरूरत नहीं, I card ही पास माना जाएगा। ऑटो रिक्शा, टैक्सी का उपयोग अतिआवश्यक या इमरजेंसी कार्यों में किया जा सकेगा।

ये सेवाएं चलती रहेंगी--दवा-दूध, राशन, सब्जी, मीट-मछली की दुकानें पहले की तरह खुली रहेंगी

ट्रेन-विमान पर रोक नहीं, होटल-रेस्टोरेंट व ई-कॉमर्स से होम डिलीवरी जारी रहेगी 

ये सेवाएं लाॅक रहेंगी-धर्मस्थल-मॉल-शोरूम-गैर जरूरी दुकानें बंद, धार्मिक-सामाजिक आयोजन पर रोक

-पुलिस-मीडिया जैसी जरूरी सेवाओं को छोड़कर निजी और सरकारी दफ्तर बंद

कोरोना संक्रमण की रोजाना समीक्षा के दौरान इसकी रोकथाम के लिए लॉकडाउन को जरूरी माना गया। जिन स्थानों पर ज्यादा संक्रमण फैलने की संभावना थी, उन क्षेत्रों को लॉकडाउन के दायरे में लाया गया है। कृषि कार्य, ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में निर्माण गतिविधियां, औद्योगिक गतिविधियां सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए जारी रहेंगी। मालवाहक वाहनों के आवागमन और निर्माण सामग्री के परिवहन पर रोक नहीं है.