SHEKHPURA : बिहार के शेखपुरा जिले में एक महिला ने पति के साथ मिलकर अपनी भौजाई की हत्या कर दी। महिला को शक था कि उसकी भौजाई कुछ जादू-टोना जानती है। इसको लेकर दोनों के बीच हमेशा तनातनी रहती थी। आरोपित महिला को बच्चा नहीं हो रहा था और इसके लिए वह अपनी भौजाई को ही जिम्मेदार ठहराती थी।
कोरमा थाने के मुरारपुर गांव का है मामला
पूरा मामला शेखपुरा जिले के कोरमा थाना के मुरारपुर गांव का है। ग्रामीणों से मिली जानकारी में बताया गया कि मुन्ना पंडित की 35 वर्षीय पत्नी रीता देवी की हत्या ननद ने अपने पति के साथ मिलकर कर दी है। ननद को बच्चा नहीं हो रहा था। इसकी वजह से ननद द्वारा लगातार अपनी भौजाई को डायन का आरोप लगाया जा रहा था।
मंगलवार को हत्या करने की सोचकर आई थी ननद
इसी आरोप में पति के साथ मंगलवार को आयी और पीट-पीटकर भौजाई की हत्या कर दी। उस समय घर में कोई दूसरा शख्स मौजूद नहीं था। इसकी वजह से समय रहते कोई रीता देवी को बचा नहीं सका। गांव वालों को जब तक पूरे मामले का पता चलता रीता की मौत हो चुकी थी।
गांव वालों ने खदेड़कर दोनों आरोपितों को पकड़ा
हत्या के बाद भागने के क्रम में आरोपी को लोगों ने दूसरे गांव में खदेड़ कर पकड़ लिया है और पुलिस के हवाले किया जा रहा है। उधर घटनास्थल पर पुलिस पहुंची है। मामले का पंचनामा दर्ज करते हुए प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया की जा रही है।
डायन और जादू-टोना के अंधविश्वास से मुक्ति पाने की जरूरत
आधुनिक युग में भी मंत्र-तंत्र पर लोग भरोसा कर रहे हैं। ऐसे मामले कई बार सामने आते हैं, जिनमें ओझा-गुनी के आरोप में अपनों की ही हत्या कर दी जाती है। हालांकि वैज्ञानिक दृष्टिकोण से ऐसे दावों का कोई औचित्य ही नहीं है। ओझा-गुनी जैसे लोग महज बेवकूफ बनाकर लोगों को ठगते हैं। एक विवेकशील व्यक्ति को ऐसी चीजों पर विश्वास करने से बचना चाहिए।