बैठक में इसके अलावे कोराना काल मे ड्यटी से नदारत आठ डॉक्टरों को भी बर्खास्त कर दिया गया।
डॉ. संजीव कुमार (सीतामढ़ी सदर अस्तपाल)
डॉ. कामेश्वर नारायण दुबे (छपरा सदर अस्पताल) डॉ. अजीत कुमार सिन्हा (कटिहार कुष्ठ नियंत्रण इकाई)डॉ. अशोक कुमार (तरैया रेफरल हॉस्पिटल, सारण)डॉ. शाहिना तनवीर (वायसी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र)डॉ. साधना कुमारी (डुमरा पीएचसी, सीतामढ़ी)डॉ. वेणु झा (नानपुर माली बाजार पीएचसी, सीतामढ़ी)डॉ. प्रीति शर्मा (रामपुर पीएचसी, कैमूर)
मुख्यमंत्री आवास के संवाद सभागार से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए नीतीश कुमार ने कैबिनेट की बैठक की। बैठक में ड्यूटी के दौरान मरने वाले कोरोना वॉरियर्स सरकारी कर्मियों के स्वजनों को पारिवारिक पेंशन का लाभ देने का निर्णय किया गया। स्वजन यदि चाहेंगे तो परिवार के किसी एक सदस्य को पेंशन के बदले नौकरी मिलेगी। ऐसी स्थिति में पेंशन का लाभ नहीं मिलेगा।
सरकार यह सुविधा पहली अप्रैल 2020 से 31 मार्च 2021 तक ड्यूटी पर निधन होने वाले कर्मियों के स्वजनों को देगी। वर्ष 2004 के बाद सेवा में आने वालों कर्मियों के लिए सरकार ने यह बड़ा फैसला किया है।